|
बी एड - एम एड >> बीएड सेमेस्टर-2 तृतीय प्रश्नपत्र - शिक्षा के तकनीकी परिप्रेक्ष्य बीएड सेमेस्टर-2 तृतीय प्रश्नपत्र - शिक्षा के तकनीकी परिप्रेक्ष्यसरल प्रश्नोत्तर समूह
|
5 पाठक हैं |
||||||
बीएड सेमेस्टर-2 तृतीय प्रश्नपत्र - शिक्षा के तकनीकी परिप्रेक्ष्य - सरल प्रश्नोत्तर
प्रश्न- शिक्षण में प्रतिमानों का शैक्षिक महत्त्व बताइये।
उत्तर-
प्रतिमानों का शैक्षिक महत्त्व
(Educational Importance of Models)
शिक्षण में प्रतिमानों का निम्नलिखित महत्त्व है-
(1) शिक्षा के सभी उद्देश्यों की प्राप्ति हेतु इनका अधिक महत्त्व है।
(2) शिक्षण प्रतिमानों द्वारा शिक्षक प्रशिक्षण को प्रभावपूर्ण बना सकता है।
(3) शिक्षण प्रतिमान विद्यालयों की शिक्षण व्यवस्था एवं उसके उद्देश्यों की रूपरेखा तैयार करने में सहायक होते हैं।
(4) शिक्षण प्रतिमान भारतीय परिस्थितियों में कक्षा शिक्षण की समस्याओं में सुधार लाने में सहायक हैं।
(5) शिक्षक प्रतिमान शिक्षण की मूल्यांकन प्रणाली को नवीन रूप प्रदान करते हैं।
(6) विभिन्न विषयों के शिक्षण प्रतिमानों के प्रयोग का विशेष महत्त्व होता है।
(7) इसके प्रयोग से शिक्षण में विशिष्टीकरण (Specialization) सम्भव है।
(8) शिक्षण प्रक्रिया को प्रभावशाली एवं सार्थक बनाने में प्रतिमान सहायक होते हैं।
(9) शिक्षक के कार्य में गुणात्मक सुधार लाने में प्रतिमान सहायक होते हैं।
(10) शिक्षण प्रतिमान शिक्षक को मनोवैज्ञानिक एवं वैज्ञानिक आधार प्रस्तुत करते हैं जिनके द्वारा नवीन विधियों एवं प्रविधियों आदि का विकास किया जाता है।
|
|||||










