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बीकाम सेमेस्टर-4 पर्यटन एवं यात्रा प्रबन्ध

सरल प्रश्नोत्तर समूह

प्रकाशक : सरल प्रश्नोत्तर सीरीज प्रकाशित वर्ष : 2023
पृष्ठ :180
मुखपृष्ठ : पेपरबैक
पुस्तक क्रमांक : 2755
आईएसबीएन :0

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बीकाम सेमेस्टर-4 पर्यटन एवं यात्रा प्रबन्ध - सरल प्रश्नोत्तर

प्रश्न- इंडियन एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स (IATO) क्या है और इसके उद्देश्य क्या हैं?

उत्तर-

इंडियन एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स
[Indian Association of Tour Operators (IATO)]

इंडियन एसोसिएशन ऑफ टूर ऑपरेटर्स (आई०ए०टी०ओ०) पर्यटन उद्योग का राष्ट्रीय शीर्ष निकाय है। इसकी स्थापना 13 जनवरी 1982 को केवल सात सदस्यों के साथ की गई थी और अब इसमें पर्यटन उद्योग के 4000 से अधिक सदस्य हैं जो पर्यटन उद्योग के अलग-अलग क्षेत्रों के हैं, जैसे ट्रैवल एजेंट्स, होटल, एयरलाइन, सरकारी पर्यटन विभाग/विकास निगम, शैक्षिक संस्थान, ट्रांसपोर्ट ऑपरेटर्स और राष्ट्रीय तथा अंतर्राष्ट्रीय टूर ऑपरेटर्स दोनों। आज आई०ए०टी०ओ० को अंतर्राष्ट्रीय स्वीकृति प्राप्त है और इसके सहसंबंध है। इसके नजदीकी संपर्क और निरंतर बातचीत के दायरे में अमेरिका, नेपाल और इंडोनेशिया के अन्य पर्यटन संघ शामिल हैं, जहाँ यू०एस०टी०ओ०ए०, एन०ए०टी०ओ० और ए०एस०आई०टी०ए० इसके सदस्य निकाय हैं तथा यह न केवल भारत बल्कि पूरे क्षेत्र में आने वाले अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों को बेहतर सुविधाएँ प्रदान करने के लिए पेशेवर निकायों के साथ अपनी अंतर्राष्ट्रीय नेटवर्क लगातार बढ़ाता है। आई०ए०टी०ओ० भारत सरकार के सभी महत्वपूर्ण मुद्दों पर नजदीकी से कार्य करता है जो भारत में पर्यटन उद्योग को प्रभावित करते और यह पर्यटन की सुविधाओं को उच्चतम प्राथमिकता देता है। यह सरकारी मंत्रालयों/विभागों, चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एण्ड इंडस्ट्री, कूटनीतिक मिशन आदि के साथ भी नजदीकी से काम करता है। यह निर्णय लेने वालों और उद्योग के बीच सामान्य माध्यम के रूप में कार्य करता है और दोनों पक्षों के लिए संपूर्ण दृष्टिकोण प्रदर्शित करता है, उन्हें पर्यटन की सुविधाओं के लिए सामान्य एजेंडा प्रदान करता है। सभी आई०ए०टी०ओ० सदस्य व्यावसायिक नैतिकता के उच्चतम मानकों का पालन करते हैं और वे अपने ग्राहकों को व्यक्तिगत तरीके से सेवा प्रस्तावित करते हैं। पर्यटन उद्योग का राष्ट्रीय शीर्ष निकाय होने के नाते आई०ए०टी०ओ० हमेशा अपने सामाजिक दायित्व के प्रति सक्रिय रूप से क्रियाशील है। आई०ए०टी०ओ० के सभी सदस्य सामाजिक दायित्व की बैठकों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं और राष्ट्रीय आपातकालीन स्थितियों और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान भी कार्य करते हैं और निरंतर उद्यम जारी रखते हैं। हाल के वर्षों के दौरान आई०ए०टी०ओ० सदस्यों ने राष्ट्रीय रक्षा कोष में उदारतापूर्वक दान दिया और कारगिल युद्ध के दौरान रक्तदान के शिविर आयोजित किए, उड़ीसा में चक्रवात से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य किए, गुजरात के भूकम्प पीड़ितों के लिए आपातकालीन राहत सामग्री प्रदान करने के अलावा एक गांव को अपनाया तथा वहाँ सभी अनिवार्य राहत और पुनर्वास मूल संरचना प्रदान की। आई०ए०टी०ओ० ने प्रधानमंत्री राहत कोष में पूरी उदारता से योगदान दिया है तथा सरकार को राष्ट्रीय संकट के दौरान अपने सभी प्रयासों से योगदान देता है।

आई०ए०टी०ओ० में सदस्यता की पाँच श्रेणियाँ हैं - सक्रिय, संबद्ध, सहयोगी, अंतर्राष्ट्रीय और मानद । इसके सभी सक्रिय सदस्यों को भारत सरकार के पर्यटन विभाग की मान्यता और अनुमोदन प्राप्त है तथा इसे आई०ए०टी०ओ० समुदाय में शामिल होने से पहले अंतर्राष्ट्रीय पर्यटकों को संभालने का कम से कम 3 वर्ष का अनुभव है। आई०ए०टी०ओ० के लक्ष्य और उद्देश्य इस प्रकार हैं-

(1) राष्ट्रीय एकीकरण, कल्याण और सद्भावना को बढ़ावा देना।

(2) ऐसे सभी कदम उठाना जो पूरे देश में पर्यटन के प्रोत्साहन, उसे बढ़ावा और सहायता देने के लिए अनिवार्य हैं तथा पर्यटन के ट्रैड में कल्याण के सभी पक्षों के लिए प्रयास करना।

(3) चैम्बर ऑफ कॉमर्स, अन्य व्यापार और भारत के सार्वजनिक निकायों, सरकारी विभागों या समितियों, इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के साथ संपर्क करना और विभिन्न विदेशी तथा स्थानीय संघों और निगमों, कंपनियों के साथ संपर्क बनाना एवं यात्रा ट्रैड के हितों के उपायों को बढ़ावा देना तथा इन पर कार्यवाही के लिए सदस्यों को नामित करना।

(4) टूर ऑपरेटरों और ट्रैवल एजेंट के बीच उनकी सामान्य भलाई और लाभ के लिए सभी विषयों में शामिल करने के साथ दोस्ताना भावनाओं को प्रोत्साहित करना और बढ़ावा देना।

(5) इस एसोसिएशन के सदस्यों के बीच विवादों को सौहार्द पूर्ण रूप से सुलझाने का प्रयास करना और इसके लिए कार्यकारी समिति द्वारा इस प्रयोजन हेतु गठित उप समिति के पास विवादों को निपटान के लिए भेजना।

(6) इस एसोसिएशन के सदस्यों के हितों की रक्षा विदेशी टूर ऑपरेटरों की कुप्रथाओं से करना।

(7) उद्योग में उच्च नैतिक मानकों को स्थापित करना और बनाए रखना।

( 8 ) ऐसी कल्याण गतिविधियाँ करना जो सदस्य अलग-अलग नहीं कर सकते।

(9) अन्य देशों के समान संगठनों से संबद्धता प्राप्त करना।

(10) जाति, रंग, नस्ल या राष्ट्रीयता में भेदभाव के बिना पर्यटन और यात्रा की सुविधाओं का आनंद उठाने के लिए सभी अतिथियों को समान अवसर प्रदान करना।

(11) विभिन्न एयरलाइन्स और भारत सरकार के विदेशों में स्थित कार्यालयों एवं अन्य समान संगठनों के साथ संयुक्त रूप से विदेशी संवर्धनात्मक दूर आयोजित करना।

(12) गोष्ठियों, समूह चर्चाओं, अध्ययन पाठ्यक्रमों, सांस्कृतिक बैठकों में सहायता और सहयोग प्रदान करना।

(13) पर्यटन संबंधी गतिविधियों में उत्कृष्टता के लिए पुरस्कारों की स्थापना।

(14) छात्रों को उच्चतर शिक्षा, अध्ययन और अनुसंधान, खासतौर पर पर्यटन और अंतर्राष्ट्रीय भाईचारे के विकास के क्षेत्र में छात्रवृत्तियों द्वारा सहायता प्रदान करना।

(15) भारत में सदनों और अध्येतावृत्तियों की स्थापना करना।

(16) यह प्रयास करना और सुनिश्चित करना कि पर्यटन ट्रेड से संबंधित सेवाओं को प्रभावित करने वाली समस्याएँ एसोसिएशन की मध्यस्थता से सुलझा ली जाती है, ऐसा नहीं करने पर कानूनी कार्यवाही की जाए तो इन समस्याओं के निपटान के लिए एसोसिएशन के सदस्यों द्वारा की जा सकती है।

(17) एसोसिएशन के सदस्यों की उपलब्धियों के बारे में नियमित रिपोर्ट तैयार करना और वे सभी काम करना जो उपरोक्त उद्देश्यों के लिए अनुषंगी या प्रेरक हैं।

(18) इसके सदस्यों के लाभ के लिए सूचना सामग्री की प्रिंटिंग और प्रकाशन।

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