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बी काम - एम काम >> बीकाम सेमेस्टर-1 व्यावसायिक सम्प्रेषण बीकाम सेमेस्टर-1 व्यावसायिक सम्प्रेषणसरल प्रश्नोत्तर समूह
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बीकाम सेमेस्टर-1 व्यावसायिक सम्प्रेषण
प्रश्न- "लेखन दक्षता एक कला है।' क्या आप इस कथन से सहमत हैं? कारण बताइये।
उत्तर -
(Writing Skill is an Art)
कला दिए हुए लक्ष्यों की प्राप्ति हेतु नियमों की एक प्रणाली होती है। यह ज्ञान का व्यवस्थित उपयोग किया जाना है। कला को ज्ञान का ऐसा अंग माना जाता है जो विशिष्ट समस्याओं हेतु विशिष्ट समाधान बताये। कला एक व्यावहारिक पक्ष है। यह सही है कि लेखन दक्षता एक कला है। कला की भाँति लेखन दक्षता के लिए भी परिश्रम, अभ्यास एवं उचित नियोजन की आवश्यकता होती है।
निम्नलिखित कारणों से लेखन दक्षता को कला माना जाता है -
1. एक आन्तरिक ललक (An Inner Urge) - लेखन दक्षता के प्रति व्यक्ति में किसी कला या हस्तकौशल की भाँति अन्दर से उत्पन्न होने वाली ललक होती है। यह एक आन्तरिक उत्तेजना या लगाव है जो भीतरी भावनाओं से उत्पन्न होती है।
2. नियमित अभ्यास की आवश्यकता होना (Requires Regular Practice) - 'लेखन दक्षता' पद से स्वतः ही स्पष्ट होता है कि लेखन दक्षता का आशय लिखने की कला से होता है। यह इस बात का उत्तर देता है कि प्रभावशाली रूप से कैसे लिखा जाय? कला अथवा हस्तकौशल की भाँति लेखन दक्षता के लिए परिश्रम, नियमित अभ्यास, उचित सावधानी तथा गहन रूप से ध्यान केन्द्रित करने की आवश्यकता होती है। लेखन दक्षता का इस बात से भी सम्बन्ध होता है कि लेखक अपने विचारों को कागज पर व्यक्त करता है, किस प्रकार उचित स्थानों पर उचित शब्दों का उपयोग करता है, व्याकरण के नियमों को कैसे अपनाता है तथा उसके द्वारा किस प्रकार स्वयं को स्पष्ट एवं सुगठित रूप में प्रस्तुत किया जाता है। ऐसा कोई जादू नहीं हो सकता जो किसी व्यक्ति की लेखन दक्षता को सुधार सके। लेखन दक्षता के लिए बहुत अधिक अभ्यास एवं स्थायी प्रयासों की आवश्यकता होती है। लेखन दक्षता के लिए स्पष्टता, शुद्धता, संक्षिप्तता एवं सृजनशीलता आवश्यक होती है।
3. स्वच्छ एवं समझने योग्य लेख (Clean and Understandable Writing) - लेखन दक्षता के लिए स्वच्छ, सुन्दर एवं समझने योग्य लेख आवश्यक होता है जिससे कि पढ़ने वाला आसानी से संदेश को जान ले लिखे हुए शब्द केवल तभी उपयोगी सिद्ध होते हैं जब उन्हें पढ़ने वाला समझ सकता हो। अच्छे लेखक के लिए उचित एवं दीर्घ अभ्यास की आवश्यकता होती है।
4. सतत् अध्ययन प्रक्रिया (Continuous Learning Process) - कला की भाँति लेखन दक्षता भी एक सतत् अधिगम अभ्यास है। इसका कभी अन्त नहीं होता। आप पूर्णता के बारे में केवल प्रयास कर सकते हैं परन्तु इसे पा नहीं सकते। अर्नेस्ट हेमिंग्वे ने लेखन की कला एवं दक्षता के बारे में लिखा है कि "हम सभी ऐसे हस्तशिल्प के प्रशिक्षु हैं जिसका कोई कभी भी मास्टर नहीं होता।'
अतः उपरोक्त कारणों के आधार पर यह कहा जा सकता है कि लेखन दक्षता एक कला है।
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